भोपाल 
मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने मध्यप्रदेश माध्यमिक शिक्षा मंडल के भवन पर स्थापित प्रदेश के पहले 200 किलोवाट क्षमता के शासकीय रूफटॉप सोलर ऊर्जा संयत्र का शुभारंभ कर रहे थे। एक करोड़ बीस लाख रुपये लागत से स्थापित इस संयंत्र में बिजली बनना शुरू हो गया है। चौहान ने कहा कि पर्यावरण बचाने के लिये सोलर एनर्जी एकमात्र प्रभावी विकल्प है। शासकीय भवनों में सोलर पैनल से सौर ऊर्जा उत्पादन करने का काम शुरु हो गया है। सोलर ऊर्जा संयत्र की लागत तीन चार साल में ही वसूल हो जाती है। रीवा में दुनिया का पहला ऐसा सोलर एनर्जी प्लांट लगाया गया है, जिसमें ऊर्जा उत्पादन की लागत दो रूपये 97 पैसे प्रति यूनिट है।
चौहान ने स्कूलों में फर्नीचर देने और अधोसंरचना बढ़ाने के काम करने के लिये माध्यमिक शिक्षा मंडल की सराहना की। चौहान ने इस अवसर पर माध्यममिक शिक्षा मंडल के उत्कृष्ट काम करने वाले अधिकारियों-कर्मचारियों को सम्मानित किया। माध्यमिक शिक्षा मंडल के अध्यक्ष आर.एस. मोहंती ने बताया कि मुख्यमंत्री के प्रयासों से मध्यप्रदेश सोलर ऊर्जा और नवकरणीय ऊर्जा उत्पादन में देश में पहले स्थान पर आ गया है। उन्होने कहा कि माध्यमिक शिक्षा मंडल ने बच्चों को विभिन्न ऑनलाइन सुविधाएं उपलबध करवाई हैं और अब शासन की नीति का लाभ उठाते हुए सौर ऊर्जा उत्पादन में भी पहल की है ।
इस अवसर पर स्कूल शिक्षा मंत्री कुंवर विजय शाह, नवकरणीय ऊर्जा राज्यमंत्री नारायण सिंह कुशवाह, तकनीकी शिक्षा राज्यमंत्री दीपक जोशी, माध्यमिक शिक्षा मंडल के उपाध्यक्ष भागीरथ कुमरावत, ऊर्जा विकास निगम के अध्यक्ष विजेन्द्र सिंह सिसोदिया, प्रमुख सचिव नवकरणीय ऊर्जा मनु श्रीवास्तव, प्रमुख सचिव स्कूल शिक्षा दीप्ति गौड मुखर्जी और आयुक्त लोक शिक्षण जयश्री कियावत उपस्थित थे।

शहीदों के प्रति सम्मान जताने कार्यक्रम 14 अगस्त को
चौहान ने कहा कि 14 अगस्त को प्रदेश में कर्तव्यों का निर्वहन करते हुये शहीद होने वाले सेना, पुलिस और अर्धसैनिक बलों के शूरवीरों के परिवारों से मिलकर उनके प्रति सम्मान व्यक्त किया जाये। कार्यक्रम आयोजित कर शहीदों को श्रद्धांजलि दी जाये। इससे शहीदों के प्रति समाज में सम्मान व्यक्त होगा और आमजनों में देश भक्ति का भाव पैदा होगा। कार्यक्रमों में मुख्यमंत्री, मंत्री, विधायक, सांसद और वरिष्ठ अधिकारी जायेंगे। इस कार्यक्रम का समन्वय गृह विभाग और सैनिक कल्याण विभाग मिलकर करेंगे।
 

बालिकाओं से दुष्कृयत्यि पर फांसी दिलवाएं 
मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने निर्देश दिए हैं कि मासूम बालिकाओं से दुराचार के मामलों में दुराचारियों को फांसी की सजा सुनिश्चित करवाई जाये। इसके लिये प्रकरणों की लगातार मॉनिटरिंग की जाये। इस तरह के प्रकरणों के संबंध में हर पन्द्रह दिन में वे स्वयं समीक्षा करेंगे। वे मंत्रालय में हुई कानून-व्यवस्था संबंधी उच्च-स्तरीय बैठक में यह निर्देश दिये। चौहान ने निर्देश दिये कि प्रदेश में छोटे और साधारण अपराधों से जुड़े गरीब और कमजोर वर्गों के मामले वापस लेने के प्रक्रिया शुरु करें। इस संबंध में सभी कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक को निर्देश दिये जायें। उन्होंने कहा कि आगामी 31 जुलाई तक इस तरह के मामलों की सूची सभी जिलों में तैयार की जाये।

Source : Agency